धोनी के 45वें जन्मदिन पर अनोखी पहल: प्रशंसकों ने किया रक्तदान, सेवा कार्यों से मनाया कैप्टन कूल का जन्मोत्सव
नई दिल्ली। भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान महेंद्र सिंह धोनी के 45वें जन्मदिन के अवसर पर उनके प्रशंसकों ने समाज सेवा का अनूठा उदाहरण पेश किया। हैदराबाद के आधिकारिक प्रशंसक समूह तेलुगु एमएसडियंस ने चिरंजीवी नेत्र एवं रक्त बैंक में विशाल रक्तदान शिविर का आयोजन कर जन्मदिन को सेवा और मानवता के नाम समर्पित किया।
इस विशेष अभियान की पहल सूचना प्रौद्योगिकी कंपनी के उपाध्यक्ष प्रवीण बालुसु ने की, जो इस प्रशंसक समूह के संस्थापक भी हैं। उन्होंने बताया कि हर वर्ष धोनी के जन्मदिन पर अनाथालयों में सेवा कार्य किए जाते हैं, लेकिन इस बार 45वें जन्मदिन को यादगार बनाने के लिए रक्तदान शिविर आयोजित करने का निर्णय लिया गया।
प्रवीण ने कहा कि अभिनेता चिरंजीवी और उनके पुत्र राम चरण लंबे समय से सामाजिक कार्यों से जुड़े हैं। उनकी प्रेरणा से ही चिरंजीवी नेत्र एवं रक्त बैंक के सहयोग से यह आयोजन संभव हो पाया।
रक्त बैंक के मुख्य परिचालन अधिकारी रावणम स्वामी नायडू ने बताया कि लगभग 500 रक्तदाताओं के लिए विशेष व्यवस्था की गई। भवन के भूतल और प्रथम तल पर रक्तदान की सुविधाएं उपलब्ध कराई गईं। पूरे कार्यक्रम की निगरानी मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. माधवी राज ने की।
रक्तदान के लिए निर्धारित दिशा-निर्देशों के अनुसार केवल 18 से 60 वर्ष आयु तथा 50 किलोग्राम से अधिक वजन वाले स्वस्थ व्यक्ति ही रक्तदान कर सकते हैं। प्रत्येक दाता की हीमोग्लोबिन जांच, स्वास्थ्य परीक्षण और चिकित्सकीय इतिहास की समीक्षा की गई। जो व्यक्ति निर्धारित मानकों पर खरे नहीं उतरे, उन्हें रक्तदान की अनुमति नहीं दी गई।
रावणम स्वामी नायडू ने कहा कि रक्त की कमी के कारण दुर्घटनाओं, हृदय रोगियों, प्रसूता महिलाओं और अन्य गंभीर मरीजों को अक्सर कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। उनका कहना है कि स्वस्थ लोगों को नियमित रूप से रक्तदान करना चाहिए, क्योंकि इससे प्रतिदिन कई लोगों का जीवन बचाया जा सकता है।
प्रवीण बालुसु ने बताया कि वर्ष 2005 में विशाखापत्तनम में पाकिस्तान के खिलाफ धोनी की 148 रन की ऐतिहासिक पारी देखने के बाद वे उनके सबसे बड़े प्रशंसक बन गए। धोनी के नेतृत्व, अनुशासन और व्यवहार से प्रेरित होकर उन्होंने वर्ष 2012 में उनके विश्व कप विजेता अभियान पर “ए डॉन इन द लॉन” नामक पुस्तक भी लिखी। बाद में उन्हें धोनी से मिलने और उनका हस्ताक्षर प्राप्त करने का अवसर भी मिला।
धोनी के प्रति उनकी दीवानगी का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि उन्होंने अपनी बेटी का नाम रुधिरा माही रखा है और अपने घर में धोनी की उपलब्धियों से जुड़ा विशेष स्मृति कक्ष भी बनाया है। उनका कहना है कि सच्चा प्रशंसक वही है, जो अपने आदर्श के जीवन मूल्यों को अपनाकर समाज के लिए सकारात्मक कार्य करे। इसी सोच के साथ प्रशंसक समूह ने रक्तदान के साथ नगर निगम के सफाई कर्मचारियों के लिए भोजन वितरण और वृक्षारोपण अभियान की भी योजना बनाई है।
