मानसून का महाअलर्ट: 11 राज्यों में भारी बारिश, आंधी और वज्रपात की चेतावनी, 90 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चलेंगी हवाएं
नई दिल्ली। देशभर में मानसून ने रफ्तार पकड़ ली है और 4 जुलाई को उत्तर, पूर्व और मध्य भारत के कई राज्यों में मौसम का मिजाज बेहद खराब रहने की संभावना है। मौसम विभाग ने उत्तर प्रदेश, दिल्ली, बिहार, झारखंड, उत्तराखंड, पंजाब, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, राजस्थान, महाराष्ट्र और केरल समेत 11 राज्यों में भारी बारिश, तेज आंधी और वज्रपात का अलर्ट जारी किया है। कुछ क्षेत्रों में 90 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की आशंका जताई गई है।
मौसम विभाग के अनुसार उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी में बने कम दबाव के क्षेत्र और पश्चिमी राजस्थान के ऊपर सक्रिय चक्रवाती परिसंचरण के कारण अगले चार से पांच दिनों तक मानसून अत्यधिक सक्रिय रहेगा। इसका प्रभाव विशेष रूप से उत्तर, पूर्व और मध्य भारत में देखने को मिलेगा। कई स्थानों पर जलभराव, पेड़ गिरने और यातायात प्रभावित होने की संभावना है।
दिल्ली में 4 जुलाई को भारी बारिश और 60 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। वहीं उत्तर प्रदेश के मेरठ, गाजियाबाद, आगरा, कानपुर, प्रयागराज, वाराणसी और गोरखपुर सहित कई जिलों में तेज बारिश और 80 से 90 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से आंधी का अलर्ट जारी किया गया है।
बिहार के पटना, मुजफ्फरपुर, दरभंगा, भागलपुर, पूर्णिया और किशनगंज सहित कई जिलों में 4 से 6 जुलाई तक भारी वर्षा और तेज हवाओं की चेतावनी दी गई है। झारखंड के रांची, बोकारो, देवघर और दुमका सहित कई क्षेत्रों में भी तेज बारिश और तूफानी हवाओं की संभावना है।
उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर के पर्वतीय क्षेत्रों में भारी बारिश के साथ भूस्खलन का खतरा बढ़ सकता है। यात्रियों को अनावश्यक यात्रा से बचने और मौसम की ताजा जानकारी लेकर ही सफर करने की सलाह दी गई है।
राजस्थान, पंजाब, पश्चिम बंगाल और मध्य प्रदेश के अनेक जिलों में भी तेज बारिश, आंधी और बिजली गिरने की आशंका जताई गई है। महाराष्ट्र के तटीय क्षेत्रों में भी भारी वर्षा का पूर्वानुमान है।
मौसम विभाग ने किसानों, मछुआरों और आम नागरिकों से विशेष सतर्कता बरतने की अपील की है। लोगों को खुले मैदान, पेड़ों और बिजली के खंभों से दूर रहने तथा खराब मौसम के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहने की सलाह दी गई है।
