गुजरात एटीएस की बड़ी कार्रवाई: जैश-ए-मोहम्मद से जुड़े आठ संदिग्ध गिरफ्तार: आतंकी नेटवर्क बनाने की साजिश नाकाम
ये है वो आतंकी जिनको गुजरात और एमपी पुलिस ने पकड़ा।
नई दिल्ली/अहमदाबाद। गुजरात आतंकवाद निरोधक दस्ते (एटीएस) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए आतंकवादी संगठन जैश-ए-मोहम्मद से जुड़े आठ संदिग्धों को गुजरात और मध्य प्रदेश के विभिन्न जिलों से गिरफ्तार किया है। जांच एजेंसियों के अनुसार सभी संदिग्ध गुजरात में संगठन का सक्रिय नेटवर्क खड़ा करने और भविष्य में आतंकवादी गतिविधियों को अंजाम देने की योजना पर काम कर रहे थे। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में दो की आयु क्रमशः 18 और 19 वर्ष बताई गई है।
एटीएस ने सभी आरोपियों से गहन पूछताछ शुरू कर दी है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि इनके संपर्क किन लोगों से थे, इन्हें किस प्रकार की सहायता मिल रही थी और इनके नेटवर्क का विस्तार कितने क्षेत्रों तक फैला हुआ था।
जैश-ए-मोहम्मद पाकिस्तान स्थित एक प्रतिबंधित आतंकवादी संगठन है, जिसकी स्थापना वर्ष 2000 में आतंकी मसूद अजहर ने की थी। इस संगठन का मुख्यालय पाकिस्तान के पंजाब प्रांत के बहावलपुर में माना जाता है। संगठन पर भारत सहित कई देशों में आतंकवादी हमलों की साजिश रचने और उन्हें अंजाम देने के गंभीर आरोप हैं। पाकिस्तान के विभिन्न क्षेत्रों में इसके प्रशिक्षण शिविर और नेटवर्क संचालित होने की जानकारी भी समय-समय पर सामने आती रही है।
मसूद अजहर को वर्ष 1994 में जम्मू-कश्मीर में गिरफ्तार किया गया था, लेकिन दिसंबर 1999 में इंडियन एयरलाइंस के विमान आईसी-814 के अपहरण के बाद बंधकों की रिहाई के बदले उसे छोड़ना पड़ा था।
उल्लेखनीय है कि अप्रैल 2026 में भी गुजरात एटीएस ने दो संदिग्धों को गिरफ्तार किया था। जांच में सामने आया था कि वे सामाजिक माध्यमों के जरिए कट्टरपंथी विचारधारा फैलाकर युवाओं की भर्ती करने और देश विरोधी गतिविधियों के लिए नेटवर्क तैयार करने की कोशिश कर रहे थे। सुरक्षा एजेंसियां इस पूरे मामले को राष्ट्रीय सुरक्षा के दृष्टिकोण से गंभीरता से जांच रही हैं।
