May 24, 2026

सोनीपत खबर: चंडीगढ़ में किसानों से मिलेंगी सिंचाई मंत्री, समाधान का भरोसा

Sonepat Irrigation Minister to meet farmers in Chandigarh, assures solution

सोनीपत: धरने पर बैठे किसानों की समस्याओं को सुनते हुए मंत्री डा. अरविंद शर्मा।

  • भालौठ सबब्रांच जीर्णोद्धार में किसानों की शंकाओं को दूर करेगी सरकार : डॉ अरविंद शर्मा

सोनीपत, अजीत कुमार। सहकारिता, कारागार, निर्वाचन, विरासत और पर्यटन मंत्री डॉ. अरविंद शर्मा ने कहा कि भालौठ सबब्रांच के तिरपन साल बाद हो रहे जीर्णोद्धार कार्य में किसानों की आशंकाओं को नजरअंदाज नहीं किया जाएगा। किसानों के साथ मिलकर समस्या का समाधान निकाला जाएगा। उन्होंने धरने पर बैठे किसानों की सिंचाई मंत्री श्रुति चौधरी से फोन पर बातचीत करवाई और बुधवार को चंडीगढ़ में किसानों के प्रतिनिधिमंडल की बैठक तय करवाई। उन्होंने कहा कि जरूरत पड़ने पर मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी से भी बात की जाएगी।

रविवार दोपहर डॉ. अरविंद शर्मा गांव खेड़ी दमकन और जौली के बीच भालौठ सबब्रांच पुल पर पहुंचे। यहां उन्होंने धरनारत किसानों के बीच बैठकर उनकी समस्याएं सुनीं। उन्होंने कहा कि सरकार किसानों के साथ खड़ी है और विकास कार्यों के साथ किसानों के हितों से कोई समझौता नहीं होने दिया जाएगा।

उल्लेखनीय है कि गांव जौली, लाठ और न्यात के किसान जौली से खेड़ी दमकन जाने वाली सड़क पर भालौठ ब्रांच और जेएलएन नहर पुल के पास धरना दे रहे हैं। किसानों ने भालौठ ब्रांच को पक्का करने का कार्य रुकवा दिया है। किसानों की मांग है कि नहर की साइडों को पक्का किया जाए, लेकिन नीचे का तल कच्चा छोड़ा जाए ताकि क्षेत्र में भूजल रिचार्ज प्रभावित न हो।

ग्रामीणों का कहना है कि इलाके का पानी पहले से खारा है और नहरों के आसपास लगे ट्यूबवेलों से गांवों में पेयजल आपूर्ति होती है। यदि नहर का तल भी पक्का कर दिया गया तो भूजल स्तर प्रभावित होगा और ट्यूबवेल बंद होने का खतरा बढ़ जाएगा।

किसानों की चिंता को गंभीरता से लेते हुए डॉ. अरविंद शर्मा ने मौके पर ही सिंचाई मंत्री श्रुति चौधरी से फोन पर बात की। किसानों की भी सीधे मंत्री से बातचीत करवाई गई। उन्होंने भरोसा दिलाया कि जीर्णोद्धार कार्य में जल रिचार्ज पर कोई असर नहीं पड़ने दिया जाएगा और किसानों के हितों की पूरी सुरक्षा की जाएगी। इस दौरान प्रेम चौगामा, राजबीर, रतन, श्रीभगवान, कप्तान, रामनिवास, सत्यवान नरवाल, दिलावर कटवाल और विजयपाल ककाना सहित अन्य ग्रामीण मौजूद रहे।

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