सोनीपत नगर निगम चुनाव 2026: सोनीपत मेयर चुनाव नामांकन शुरू, पहले दिन खत्री मैदान में
सोनीपत: पहले दिन समाजवादी पार्टी के रमेश खत्री ने भरा नामांकन।
सोनीपत, अजीत कुमार। सोनीपत नगर निगम चुनाव 2026 के लिए मेयर पद का नामांकन मंगलवार से शुरू हो गया। पहले ही दिन समाजवादी पार्टी के उम्मीदवार रमेश खत्री ने नामांकन दाखिल कर चुनावी मुकाबले में उतरने का ऐलान कर दिया। नामांकन शुरू होते ही प्रशासन ने व्यवस्थाओं को सख्त और व्यवस्थित बना दिया है।
नामांकन प्रक्रिया 21 अप्रैल से 25 अप्रैल तक चलेगी। इस दौरान अलग-अलग विभागों के अधिकारी और कर्मचारी ड्यूटी पर तैनात किए गए हैं। उम्मीदवारों और आम लोगों के लिए स्पष्ट दिशा-निर्देश भी जारी किए गए हैं ताकि प्रक्रिया सुचारु और पारदर्शी रहे।
पहले दिन रमेश खत्री ने जिला निर्वाचन अधिकारी व एसडीएम को अपना नामांकन सौंपा। 64 वर्षीय खत्री उच्च शिक्षित हैं। उन्होंने बीएससी, बीएड और कानून की पढ़ाई की है। वे लंबे समय से चुनावी राजनीति में सक्रिय रहे हैं और कई चुनावों में भाग ले चुके हैं।
खत्री 2014 में सोनीपत लोकसभा और विधानसभा चुनाव निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में लड़ चुके हैं। इसके अलावा जींद, करनाल, नई दिल्ली और राजेंद्र नगर विधानसभा सीटों पर भी चुनाव लड़ चुके हैं। वर्ष 2019 में उन्होंने सोनीपत और नई दिल्ली लोकसभा से चुनाव लड़ा। 2024 में भी वे लोकसभा और नगर निगम उपचुनाव में निर्दलीय उम्मीदवार रहे। इस बार पहली बार वे समाजवादी पार्टी के टिकट पर मेयर चुनाव लड़ रहे हैं। खत्री का रिकॉर्ड रहा है कि वे लगभग हर चुनाव में सबसे पहले नामांकन दाखिल करते हैं। वे प्रशासनिक कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते रहे हैं और कई मामलों को अदालत तक ले गए हैं।
निर्वाचन अधिकारी (मेयर) एवं अतिरिक्त उपायुक्त अजय चोपड़ा ने बताया कि नामांकन स्थल से 100 मीटर पहले ही समर्थकों को रोक दिया जाएगा। केवल उम्मीदवार सहित अधिकतम पांच लोगों को प्रवेश मिलेगा। यह व्यवस्था भीड़ नियंत्रण और कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए लागू की गई है। नामांकन प्रक्रिया के लिए नौ टेबल लगाई गई हैं। हर टेबल पर दो से सात कर्मचारियों की ड्यूटी है। कुल 35 अधिकारी-कर्मचारी तैनात हैं। हेल्प डेस्क, दस्तावेज जांच, मतदाता सूची सत्यापन, सिक्योरिटी जमा, स्कैनिंग और ऑनलाइन अपलोड जैसे काम किए जा रहे हैं। प्रशासन ने डिजिटल और मैन्युअल दोनों तरीकों से जांच की व्यवस्था की है। खर्च से जुड़े दिशा-निर्देश और जरूरी दस्तावेज भी उम्मीदवारों को दिए जा रहे हैं। अधिकारियों को समयबद्ध और ईमानदारी से जिम्मेदारी निभाने के निर्देश दिए गए हैं। प्रशासन का लक्ष्य निष्पक्ष और पारदर्शी चुनाव सुनिश्चित करना है।
