सोनम वांगचुक का अनशन 17वें दिन पहुंचा: सेहत बिगड़ी, समर्थन बढ़ा
सोनम वांगचुक पेपर लीक के विरोध में 28 जून से भूख हड़ताल पर हैं।
नई दिल्ली, अजीत कुमार। शिक्षा व्यवस्था में सुधार, नीट परीक्षा पेपर लीक मामले की निष्पक्ष जांच और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर सामाजिक कार्यकर्ता एवं शिक्षा सुधार के पक्षधर सोनम वांगचुक का आमरण अनशन मंगलवार को 17वें दिन में प्रवेश कर गया। लगातार उपवास के कारण उनकी सेहत बिगड़ती जा रही है। उनके सहयोगियों के अनुसार अनशन शुरू होने के समय उनका वजन 67 किलोग्राम था, जो अब लगभग 8.5 किलोग्राम घट चुका है।
सोनम वांगचुक 28 जून से दिल्ली के जंतर-मंतर पर अनशन कर रहे हैं। उनकी मांग है कि परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता सुनिश्चित की जाए, पेपर लीक जैसे मामलों पर कठोर कार्रवाई हो और शिक्षा व्यवस्था में जवाबदेही तय की जाए।

उनके स्वास्थ्य को लेकर कई राजनीतिक नेताओं, सामाजिक कार्यकर्ताओं और फिल्मी हस्तियों ने चिंता जताई है। समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव, शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) के प्रमुख उद्धव ठाकरे, तृणमूल कांग्रेस सांसद महुआ मोइत्रा, अभिनेता नसीरुद्दीन शाह, अभिनेत्री रत्ना पाठक शाह, अभिनेत्री जीनत अमान तथा लेखिका अरुंधति रॉय सहित कई लोगों ने वांगचुक से अनशन समाप्त करने की अपील की है। वहीं आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने प्रदर्शन स्थल पर जाकर समर्थन देने की घोषणा की है।
कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के संस्थापक अभिजीत दीपके ने दावा किया कि वांगचुक की शारीरिक स्थिति लगातार कमजोर हो रही है और सरकार को उनकी मांगों पर बातचीत शुरू करनी चाहिए। उनके अनुसार, वांगचुक का कहना है कि उनसे अनशन समाप्त करने की अपील करने के बजाय सरकार से संवाद शुरू करने का आग्रह किया जाना चाहिए।
सोनम वांगचुक इससे पहले लद्दाख से जुड़े मुद्दों को लेकर भी लंबे समय तक आंदोलन कर चुके हैं। वर्ष 2025 में आंदोलन के दौरान उन्हें राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम के तहत हिरासत में लेकर जोधपुर जेल भेजा गया था, जहां वे लगभग 170 दिन तक रहे।
उधर, केंद्र सरकार की ओर से इस अनशन और मांगों पर अब तक कोई विस्तृत आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। ऐसे में सभी की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि सरकार प्रदर्शनकारियों से बातचीत शुरू करती है या नहीं। वांगचुक के स्वास्थ्य को देखते हुए उनके समर्थक जल्द समाधान निकालने की मांग कर रहे हैं।
