सोनीपत क्राइम: गोहाना के चर्चित संजीत हत्याकांड में बड़ा फैसला, चार दोषियों को उम्रकैद
सोनीपत: कोर्ट न 5 साल बाद फैसला सुनाया।
- पुरानी रंजिश में दिनदहाड़े आठ गोलियां मारकर की गई थी हत्या, अदालत ने लगाया जुर्माना भी
सोनीपत, अजीत कुमार। वर्ष 2019 के चर्चित गोहाना संजीत हत्याकांड में करीब पांच वर्ष बाद अदालत ने बड़ा फैसला सुनाया है। अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश नरेंद्र सिंह की अदालत ने चार आरोपियों को हत्या और आपराधिक साजिश का दोषी ठहराते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने दोषियों पर जुर्माना भी लगाया है।
अदालत ने सुरेंद्र उर्फ काला, अमित उर्फ मोनू, अमित उर्फ मीता और सतीश उर्फ नेहरा को दोषी करार दिया। सुरेंद्र उर्फ काला, अमित उर्फ मोनू और अमित उर्फ मीता पर 13-13 हजार रुपये तथा सतीश उर्फ नेहरा पर 10 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया है।
पुलिस के अनुसार, छह सितंबर 2019 की रात शराब कारोबारी संजीत हांडा अस्पताल से अपने गांव लौट रहा था। गोहाना बाईपास पर फल खरीदने के लिए उसने अपनी गाड़ी रोकी। इसी दौरान पहले से घात लगाए बैठे हमलावरों ने उस पर ताबड़तोड़ गोलियां चला दीं। आठ गोलियां लगने से संजीत की मौके पर ही मौत हो गई।
मृतक के चचेरे भाई विनोद की शिकायत पर पुलिस ने हत्या और आपराधिक साजिश सहित विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू की। जांच में सामने आया कि अप्रैल 2019 में संजीत और उसके साथियों द्वारा आरोपियों पर हुए हमले का बदला लेने के लिए इस वारदात की साजिश रची गई थी।
पुलिस ने जांच के दौरान चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके खिलाफ मजबूत साक्ष्य और गवाह अदालत में पेश किए। इन्हीं साक्ष्यों के आधार पर अदालत ने चारों को दोषी मानते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई। इस फैसले को गोहाना के चर्चित हत्याकांड में न्याय की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
