सोनीपत क्राइम: पैरोल जंप कर फरार बदमाश पुलिस मुठभेड़ में मारा गया
सोनीपत: घायल पुलिसकर्मी का कुशलक्षेम जानती पुलिस आयुक्त ममता सिंह।
- हत्या, लूट और फायरिंग समेत 25 से अधिक मामले दर्ज
- दो मामलों में उम्रकैद की सजा के बावजूद पैरोल जंप कर फरार था गोपाल
- गोपाल गांव अटायल के एक व्यक्ति की हत्या की फिराक में था
सोनीपत, अजीत कुमार। सोनीपत में सोमवार सुबह पुलिस और एक कुख्यात बदमाश के बीच हुई मुठभेड़ में बदमाश गोपाल की मौत हो गई, जबकि बदमाश की फायरिंग में हेड कॉन्स्टेबल देवेंद्र सिंह घायल हो गए। उनके बाएं हाथ में गोली लगी है। उन्हें खानपुर मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया, जहां उनका उपचार चल रहा है।
पुलिस आयुक्त ममता सिंह ने बताया कि सुबह करीब साढ़े पांच बजे सूचना मिली थी कि अटायल गांव निवासी गोपाल नहर के रास्ते एमपी माजरा और खूबडू होते हुए अटायल की ओर जा रहा है। सूचना के आधार पर सीआईए-एक गन्नौर की टीम ने इलाके में घेराबंदी की। पुलिस को देखते ही गोपाल ने भागने का प्रयास किया और पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी। उसने करीब नौ राउंड गोलियां चलाईं तथा पुलिस वाहन को भी निशाना बनाया।
पुलिस की जवाबी कार्रवाई में दोनों ओर से करीब नौ राउंड फायरिंग हुई, जिसमें गोपाल घायल हो गया। उसे अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया। मुठभेड़ में हेड कॉन्स्टेबल देवेंद्र सिंह भी गोली लगने से घायल हो गए। मौके से पुलिस ने दो अवैध हथियार, बिना नंबर प्लेट की मोटरसाइकिल, कारतूस और कई खाली खोल बरामद किए हैं। फायरिंग के दौरान पुलिस वाहन भी क्षतिग्रस्त हुआ।
पुलिस के अनुसार गोपाल के खिलाफ हत्या, हत्या के प्रयास, लूट, फायरिंग और अन्य गंभीर अपराधों के 25 से अधिक मामले दर्ज थे। उसे दो मामलों में उम्रकैद की सजा भी हो चुकी थी। वह करीब 70 दिन की पैरोल पर जेल से बाहर आया था, लेकिन वापस नहीं लौटा और फरार चल रहा था।
पुलिस का कहना है कि पैरोल के दौरान उसने अटायल गांव में जमीनी विवाद को लेकर एक व्यक्ति के घर पर फायरिंग की थी। इसके अलावा गांव के शराब ठेके पर लूट के इरादे से फायरिंग और आगजनी की घटना को अंजाम दिया था। उसके खिलाफ समालखा क्षेत्र से एक ब्रेजा कार चोरी करने का मामला भी दर्ज था। सोमवार को भी वह गांव के एक व्यक्ति की हत्या की फिराक में घूम रहा था।
कार्रवाई में सीआईए-एक प्रभारी इंस्पेक्टर राजीव के नेतृत्व में पीएसआई रविकांत, पीएसआई ओमवीर, एसआई मुकेश, एएसआई विजेश्वर, एएसआई कृष्ण, हेड कॉन्स्टेबल देवेंद्र, हेड कॉन्स्टेबल राकेश, कॉन्स्टेबल विकास तथा अन्य पुलिसकर्मी शामिल रहे।
