नाशिक में अखिल भारतीय हिंदी साहित्य सम्मान समारोह: 31 साहित्यकार और विशिष्ट प्रतिभाएं सम्मानित
नाशिक में अखिल भारतीय हिंदी साहित्य सम्मान समारोह, 31 साहित्यकार और विशिष्ट प्रतिभाएं सम्मानित।
नाशिक। नाशिक में साहित्यिक, सामाजिक और सांस्कृतिक संस्था विद्योतमा फाउंडेशन नाशिक (पंजी) की ओर से अखिल भारतीय हिंदी साहित्य सम्मान समारोह एवं कवि सम्मेलन का भव्य आयोजन महेश्वरी भवन, आर्टीलरी सेंटर रोड पर किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। समारोह दो सत्रों में आयोजित किया गया, पहले सत्र में साहित्यकारों का सम्मान किया गया जबकि दूसरे सत्र में कवि सम्मेलन हुआ।

गणमान्य अतिथियों की गरिमामयी उपस्थिति
कार्यक्रम की अध्यक्षता दैनिक भास्कर के समूह संपादक प्रकाश दुबे ने की। मुख्य अतिथि केंद्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय नाशिक के निदेशक नीलाभ तिवारी रहे। विशिष्ट अतिथि के रूप में कर्मचारी राज्य बीमा निगम नाशिक के संयुक्त निदेशक चंद्रशेखर आर. पाटिल और कर्नल राजेश सक्सेना उपस्थित रहे। संस्था के अध्यक्ष सुबोध कुमार मिश्रा ने विद्योतमा फाउंडेशन की स्थापना, उद्देश्य और कार्यशैली पर प्रकाश डालते हुए बताया कि संस्था देशभर में साहित्यिक, सामाजिक और सांस्कृतिक गतिविधियों को निरंतर बढ़ावा दे रही है। लखनऊ, कानपुर, इंदौर, नागपुर और दिल्ली में इसकी इकाइयां स्थापित हो चुकी हैं।
31 श्रेष्ठ रचनाकारों को मिला सम्मान
पूरे देश से प्राप्त रचनाओं में से चयनित 31 श्रेष्ठ कृतियों के रचनाकारों को विभिन्न सम्मानों से नवाजा गया। विद्योतमा साहित्य विभूषण सम्मान राजवीर सिंह सिकरवार को, साहित्य साधना सम्मान ज्ञानचंद मर्मज्ञ को, साहित्य सम्राट सम्मान सरोजिनी तन्हा को और साहित्य शिरोमणि सम्मान प्रमोद भार्गव को प्रदान किया गया। इसके अलावा साहित्य भूषण सम्मान रजनीकांत एस. शाह, साहित्य कर्मयोगी सम्मान चंद्रकांत भालेराव, साहित्य कर्मयोगिनी सम्मान बबीता मांधणा, साहित्य आराधना सम्मान संगीता, साहित्य भास्कर सम्मान मंजू गुप्ता, साहित्य गौरव सम्मान डॉ. जया आनंद, साहित्य सुधाकर सम्मान डॉ. जीनत अहसान कुरैशी, साहित्य रत्न सम्मान प्रो. मनोज कुमार कैन, साहित्य विभूति सम्मान विनोद नागर, साहित्य शिखर सम्मान डॉ. रुखसाना सिद्दीकी, साहित्य कलश सम्मान मीना कौशल और विद्योतमा समाजसेवी सम्मान वृक्ष मित्र सुनील दुबे को दिया गया।
इसके साथ ही पूर्णिमा ढिल्लन, पी. वही कोटमे, डॉ. नयना डेलीवाला, डॉ. तृप्ति मेनन, दीपमाला महेश्वरी, सुधा दुबे, जितेंद्र कुमार तिवारी सहित अन्य साहित्यकार भी सम्मानित हुए।

विशेष उपलब्धियों के लिए विशेष सम्मान
नेहा तुषार बोरसे को आईसीएसई बोर्ड की दसवीं परीक्षा में हिंदी विषय में 98 प्रतिशत अंक प्राप्त करने पर “विद्योतमा बालिका सम्मान” दिया गया। प्रसिद्ध धाविका संजीवनी जाधव को “विद्योतमा खेल रत्न सम्मान” और कर्नल शिवनारायण मिश्र को “विद्योतमा सेना रत्न सम्मान” से सम्मानित किया गया। इस वर्ष कुल 78,600 रुपये की पुरस्कार राशि प्रदान की गई।
कवि सम्मेलन ने बांधा समां
दूसरे सत्र में आयोजित कवि सम्मेलन में देशभर से आए कवियों ने अपनी रचनाओं से श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। बड़ी संख्या में उपस्थित भारतीय सैनिकों ने कार्यक्रम की गरिमा को और बढ़ाया। कार्यक्रम का संचालन भरत सिंह, सी.पी. मिश्रा और अनीता दुबे ने किया, जबकि अंत में बी.सी. मुनगली ने सभी अतिथियों और प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया।
