सोनीपत: एनएच 44 पर खैर तस्करी का भंडाफोड़, दो आरोपी गिरफ्तार
सोनीपत: पुलिस द्वारा पिकअप वाहन से खैर की बरामद की गई लकड़ी।
सोनीपत। सोनीपत जिले में खैर की लकड़ी की अवैध तस्करी का बड़ा मामला सामने आया है। मुरथल थाना पुलिस ने राष्ट्रीय राजमार्ग 44 पर कार्रवाई करते हुए आलू के कट्टों की आड़ में खैर की लकड़ी ले जा रहे दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि गिरोह का मुख्य सरगना अभी फरार है। पुलिस ने पिकअप वाहन से खैर की लकड़ी के कुल 243 टुकड़े बरामद किए हैं।
मुरथल थाना पुलिस को खैर की लकड़ी की तस्करी की गुप्त सूचना मिली थी। सूचना के आधार पर पुलिस ने एनएच 44 पर नाकाबंदी की और बोलेरो पिकअप वाहन को रोककर जांच की। वाहन पर तिरपाल ढका हुआ था। चालक ने पुलिस को बताया कि गाड़ी में आलू के कट्टे भरे हैं। पुलिस ने जब तिरपाल हटवाकर तलाशी ली, तो सच्चाई सामने आ गई। वाहन के पीछे एक पंक्ति में आलू के कट्टे लगाए गए थे, ताकि शक न हो, जबकि भीतर पूरी गाड़ी खैर की लकड़ी से भरी हुई थी। मौके से खैर की लकड़ी के 243 टुकड़े बरामद किए गए।
पुलिस ने वाहन चालक साजिद और परिचालक समीर को मौके से गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में सामने आया कि इस तस्करी गिरोह का मुख्य सरगना उत्तर प्रदेश के बिजनौर जिले के नजीबाबाद क्षेत्र का निवासी दानिश है, जो फिलहाल फरार है। पुलिस उसकी तलाश में लगातार दबिश दे रही है। जांच में यह भी पता चला है कि गिरोह उत्तराखंड के काशीपुर क्षेत्र से खैर की लकड़ी लाकर कुंडली के प्याऊ मनियारी क्षेत्र में स्थित कत्था फैक्ट्रियों में सप्लाई करता था। खैर की लकड़ी से कत्था तैयार किया जाता है, जिसकी बाजार में भारी मांग रहती है।
पुलिस के अनुसार इस मामले में आर्थिक लाभ के उद्देश्य से लंबे समय से तस्करी की जा रही थी। गिरफ्तार दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश कर रिमांड पर लिया जाएगा, ताकि पूरे नेटवर्क और अन्य संलिप्त लोगों के बारे में जानकारी जुटाई जा सके। पुलिस का कहना है कि जांच के दौरान और भी गिरफ्तारियां संभव हैं।
