बजट 2026: मिडिल क्लास से किसानों तक राहत की उम्मीद, 1 फरवरी को हो सकती हैं 5 बड़ी घोषणाएं
फरवरी को केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण संसद में बजट 2026-27 पेश करेंगी।
नई दिल्ली, अजीत कुमार। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण 1 फरवरी को पेश होने वाले बजट में सैलरीड क्लास को बड़ी राहत दे सकती हैं। नई टैक्स रिजीम में स्टैंडर्ड डिडक्शन को 75 हजार रुपये से बढ़ाकर 1 लाख रुपये किया जा सकता है। अगर ऐसा होता है तो 13 लाख रुपये तक की सालाना आय टैक्स फ्री हो जाएगी, जो फिलहाल 12.75 लाख रुपये तक सीमित है। उद्योग संगठनों का मानना है कि टैक्स छूट बढ़ने से लोगों के हाथ में ज्यादा पैसा आएगा, जिससे खपत बढ़ेगी और अर्थव्यवस्था को गति मिलेगी। इससे मिडिल क्लास को हर महीने कुछ हजार रुपये की सीधी बचत हो सकती है।
किसान सम्मान निधि में बढ़ोतरी की तैयारी
सरकार पीएम-किसान सम्मान निधि की राशि 6 हजार रुपये से बढ़ाकर 9 हजार रुपये सालाना कर सकती है। 2019 में योजना शुरू होने के बाद से इसमें कोई बदलाव नहीं हुआ है, जबकि महंगाई लगातार बढ़ी है। किसान संगठनों और संसदीय समिति की लंबे समय से मांग रही है कि इस राशि को बढ़ाया जाए। अगर यह घोषणा होती है तो करीब 11 करोड़ किसान परिवारों को सीधा फायदा मिलेगा, हालांकि इससे सरकार का सालाना खर्च बढ़कर करीब 95 हजार करोड़ रुपये हो जाएगा।
रेलवे इन्फ्रास्ट्रक्चर पर बड़ा दांव
बजट में रेलवे के लिए भी बड़े ऐलान की संभावना है। सरकार 300 से ज्यादा नई अमृत भारत और वंदे भारत ट्रेनों की घोषणा कर सकती है। इसका मकसद ट्रेनों में वेटिंग लिस्ट को कम करना और यात्रियों को बेहतर सुविधाएं देना है। पिछले बजट में रेलवे को रिकॉर्ड 2.65 लाख करोड़ रुपये मिले थे और इस बार भी बजट बढ़ने की उम्मीद है। इससे रोजाना सफर करने वाले करीब 2 करोड़ यात्रियों को राहत मिल सकती है।
पीएम सूर्य घर योजना में सब्सिडी बढ़ सकती है
सरकार रूफटॉप सोलर को बढ़ावा देने के लिए पीएम सूर्य घर योजना में सब्सिडी बढ़ा सकती है। 2 किलोवाट तक के सोलर सिस्टम पर सब्सिडी 30 हजार रुपये प्रति किलोवाट से बढ़ाकर 40 हजार रुपये की जा सकती है। इससे 2 KW के सिस्टम पर कुल सब्सिडी 80 हजार रुपये हो जाएगी। सरकार का लक्ष्य 2027 तक 1 करोड़ घरों को सोलर ग्रिड से जोड़ना है। सब्सिडी बढ़ने से आम परिवारों को मुफ्त बिजली के साथ अतिरिक्त कमाई का मौका भी मिलेगा।
आयुष्मान भारत का दायरा हो सकता है बड़ा
आयुष्मान भारत योजना में भी बड़ा बदलाव संभव है। सरकार इस योजना का लाभ 70 साल से ऊपर की उम्र के बजाय 60 साल से ऊपर के सभी बुजुर्गों को देने पर विचार कर सकती है। साथ ही सालाना 5 लाख रुपये के इलाज की सीमा बढ़ाई जा सकती है, ताकि कैंसर और हार्ट सर्जरी जैसी महंगी बीमारियों का खर्च कवर हो सके। इससे करोड़ों परिवारों को इलाज के लिए कर्ज या अपनी बचत खर्च करने की मजबूरी से राहत मिल सकती है।
कुल मिलाकर, बजट 2026 से मिडिल क्लास, किसान, यात्री, बुजुर्ग और पर्यावरण से जुड़े क्षेत्रों को बड़ी उम्मीदें हैं। अब नजर 1 फरवरी पर टिकी है।
